छत्तीसगढ़ में शुरू हुआ SIR, कांग्रेस पर बोले अरुण साव – ‘न कार्यकर्ता, न मतदाता’
छत्तीसगढ़ में 4 नवंबर से विशेष इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की शुरूआत हो चुकी है. वहीं इसे लेकर प्रदेश को राजनीतिक दल भी अब फील्ड में BLA यानि बूथ लेवल एजेंट उतारने जा रहे हैं. जहां एक ओर BJP अब घर-घर जाकर मतदाता सूची की जांच करवाने जा रही है. इसके लिए बूथ स्तर पर एजेंटों की नियुक्ति और प्रशिक्षण का काम लगभग पूरा हो चुका है. वहीं कांग्रेस भी तैयारी में जुट गई है.
BJP ने बूथ लेवल एजेंट को दिया जिम्मा
भारतीय जनता पार्टी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण SIR के तहत घर-घर जाने की तैयारी कर रही है.. हर घर के लोगों के नाम मतदाता सूची में दो बार जांचे जाएंगे. ऐसे में अगर किसी अवैध मतदाता के बारे में पता चलता है तो उसके नाम कटवाने का जिम्मा भी बूथ लेवल एजेंट को होगा. अगर किसी का नाम नहीं जुड़ पाया है तो वह भी काम एजेंट करेंगे. इसके लिए बीएलए-1 और बीएलए 2 के प्रशिक्षण निर्वाचन आयोग की तरफ से हो चुकी है..
कांग्रेस के पास ना कार्यकर्ता है, ना मतदाता – अरूण साव
वहीं BLA यानि बूथ लेवल एजेंट को लेकर डिप्टी CM अरुण साव ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस के पास ना कार्यकर्ता है, ना मतदाता है. कांग्रेस अपनी हार का ठीकरा कभी EVM पर फोड़ती है, तो कभी कभी संविधान विपरीत बात करती है. जमीनी स्तर पर कांग्रेस कहीं नहीं है.
दीपक बैज ने साधा निशाना
वहीं SIR को लेकर PCC चीफ दीपक बैज ने कहा कि 1 महीने के अंदर सभी BLO को सभी के घर पहुंचना है. BLO की ट्रेनिंग अच्छे से नहीं हो पाई है, और फॉर्म भी उपलब्ध नहीं है.
यूपी हादसा: 4 बच्चे चढ़े टंकी पर, 3 गिरे; 2 का हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू
2025-26 में ED का एक्शन मोड: हजारों रेड, पर कम हुई गिरफ्तारियां
बरगी क्रूज त्रासदी: "हमें भीख नहीं इंसाफ चाहिए", अपनों को खोने वालों का फूटा गुस्सा; अब तक 13 शव बरामद
बरगी बांध हादसा: विमान में खराबी से 4 घंटे एयरपोर्ट पर रुका शव
नए SP अनुराग सुजानिया: किन जिलों में कर चुके हैं सेवा, अब सागर में जिम्मेदारी
नतीजों से पहले सियासी संग्राम, BJP बोली—ममता की हार तय
राहुल गांधी केस में सावरकर मुद्दा फिर गरमाया, गवाही में बड़े खुलासे
युद्ध या समझौता: मझधार में फंसे डोनाल्ड ट्रंप
भारत-इक्वाडोर संबंधों में नई मजबूती, दवा से डिजिटल तक समझौते
आज का बड़ा मुकाबला: PBKS vs GT, हेड टू हेड आंकड़े क्या कहते हैं