‘हमारे पास समय कम, लेकिन सपने बड़े’ – PM मोदी का युवाओं को संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को YUGM कॉन्क्लेव को संबोधित किया. नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि हमारे पास समय सीमित है और लक्ष्य बड़े हैं. हालांकि पीएम मोदी ने ये भी साफ किया कि वह वर्तमान स्थिति के लिए नहीं बोल रहे हैं.
कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, हमने विकसित भारत के लक्ष्य के लिए अगले 25 साल की समय-सीमा तय की है. हमारे पास समय सीमित है, लक्ष्य बड़े हैं. मैं ये बात वर्तमान के लिए नहीं कह रहा हूं. इसलिए ये जरूरी है कि हमारे आइडिया से लेकर प्रोटोटाइप तक का सफर भी कम से कम समय में पूरा हो. जब हम लैब से बाज़ार की दूरी कम कर देते हैं, तो रिसर्च के नतीजे लोगों तक तेज़ी से पहुंचने लगते हैं. इससे रिसर्च को भी प्रेरणा मिलती है.
पीएम मोदी ने और क्या कहा?
पीएम मोदी ने कहा कि आज यहां सरकार एकेडेमिया साइंस और रिसर्च के लोग बड़ी सख्या में हैं. इसी को युग्म कहते हैं. इसमें विकसित भारत के स्टेकहोल्डर एक साथ जुडे हैं. जो दूसरों की सेवा में जीवन समर्पित करता है वही असल में जीता है. ऐसा हमारे शास्त्रों में कहा गया है.
पीएम मोदी ने कहा कि किसी भी देश का भविष्य उसकी युवा पीढ़ी पर निर्भर होता है. जरूरी यह है कि युवाओं को तैयार किया जाए. इसमे लिए एजुकेशन सिस्टम का सही होना जरूरी है. इसके लिए नई एजुकेशन पॉलिसी बनाई गई है. इसके लिए क्लास वन से क्लास 10 तक नई पुस्तक तैयार कर ली गई है.
उन्होंने कहा कि भारत आज अलग-अलग सेक्टर में रिसर्च के आयाम स्थापित कर रहा है. भारत ने 422 मीटर का हायपरलू आईआईटी मद्रास ने तैयार किया है. यह विकसित भारत की तस्वीर है.
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