जबलपुर में पत्नी ने पति को सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों का धोखाधड़ी किया
मध्य प्रदेश के जबलपुर में एक महिला ने अपने ही पति के साथ धोखाधड़ी कर दी. उसने पति को सरकारी नौकरी दिलाने का वादा करके लाखों की चपत लगाई दी. मामला जबलपुर सिटी का है. यहां एक पत्नी ने पति को हसीन ख्वाब दिखाए. उसे पटवारी और खुद को टीचर बनाने के नाम दोस्त के साथ मिलकर लाखों रुपए और पुश्तैनी जेवरात ले लिए. जब पति को अपने साथ हुई धोखाधड़ी का एहसास हुआ तो वो पुलिस थाने पहुंचा. उसने पत्नी और उसके दोस्त के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है. जबलपुर के रहने वाले आदित्य मिश्रा ने पुलिस को बताया- साहब, मेरी शादी साल 2021 में नरसिंहपुर की रहने वाली संध्या के साथ हुई थी. मेरे पापा सरकारी अधिकारी की पोस्ट पर रिटायर्ड हैं. इसलिए घर में पैसों की इतनी परेशानी नहीं थी. लेकिन मैं अपनी नौकरी से ज्यादा खुश नहीं था. शादी के बाद संध्या ने मुझे भरोसा दिलाया कि उसका एक दोस्त जिसका नाम आकाश नेमा है, वो सरकारी नौकरी लगवा सकता है.
आदित्य ने बताया- पहले तो मुझे संध्या की बातों पर यकीन नहीं हुआ. लेकिन उसने मुझे भरोसे में ले लिया. सरकारी नौकरी के लालच में मैं भी उसकी बातों में आ गया. तब पत्नी ने कहा कि इसके लिए आकाश को पैसे देने होंगे. मैंने अपनी जमा पूंजी यानि 32 लाख रुपये आकाश को दे दी. साल 2022 से जुलाई 2024 तक मैं आकाश को पैसे देता रहा. यहां तक कि पुश्तैनी गहने तक मैंने बेच दिए. लेकिन नौकरी लग ही नहीं रही थी. आकाश बस मुझे टाले जा रहा था.
ठगी का एहसास हुआ
पीड़ित बोला- बाद में वो मेरे फोन तक काटने लगा. इससे मुझे एहसास हुआ कि मेरे साथ ठगी हुई है. मेरी बीवी भी इसमें अपने दोस्त के साथ मिली हुई है. मुझे पूरा यकीन है कि आकाश और भी लोगों के साथ इसी तरह की ठगी कर चुका होगा.
पुलिस कर रही जांच
पुलिस ने आदित्य की तहरीर पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. पुलिस ने कहा- हम आकाश और आदित्य की पत्नी से इस बारे में पूछताछ करेंगे. दोषी पाए जाने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.
यूपी हादसा: 4 बच्चे चढ़े टंकी पर, 3 गिरे; 2 का हेलिकॉप्टर से रेस्क्यू
2025-26 में ED का एक्शन मोड: हजारों रेड, पर कम हुई गिरफ्तारियां
बरगी क्रूज त्रासदी: "हमें भीख नहीं इंसाफ चाहिए", अपनों को खोने वालों का फूटा गुस्सा; अब तक 13 शव बरामद
बरगी बांध हादसा: विमान में खराबी से 4 घंटे एयरपोर्ट पर रुका शव
नए SP अनुराग सुजानिया: किन जिलों में कर चुके हैं सेवा, अब सागर में जिम्मेदारी
नतीजों से पहले सियासी संग्राम, BJP बोली—ममता की हार तय
राहुल गांधी केस में सावरकर मुद्दा फिर गरमाया, गवाही में बड़े खुलासे
युद्ध या समझौता: मझधार में फंसे डोनाल्ड ट्रंप
भारत-इक्वाडोर संबंधों में नई मजबूती, दवा से डिजिटल तक समझौते
आज का बड़ा मुकाबला: PBKS vs GT, हेड टू हेड आंकड़े क्या कहते हैं