रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव अब 16 को शहडोल में
भोपाल । इस साल 2025 में 24 और 25 फरवरी को भोपाल में होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट और स्थानीय स्तर पर शहडोल में निवेशकों को आमंत्रित करने के लिए इस साल का पहला और सातवां रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव 16 जनवरी को शहडोल में आयोजित किया जा रहा है।
एमपीआईडीसी बनाम औद्योगिक विकास निगम अब तक उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर, सागर, रीवा, सहित नर्मदापुरम में 6 रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव के अलावा कोलकाता, हैदराबाद, बेंगलुरु, मुम्बई में रोड शो कर चुका है। एमपीआईडीसी के अधिकारियों का दावा है कि अभी तक हुए रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव में हजारों करोड़ रुपए के निवेश के प्रस्ताव आ चुके हैं। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री ने इस साल 2025 को औद्योगिक वर्ष घोषित किया है।
कोयला और गैस भंडार के लिए मशहूर
शहडोल संभाग के अंतर्गत तीन जिले शहडोल, उमरिया एवं अनूपपुर आते हैं। चंूकि शहडोल जिला उमरिया और अनूपपुर के मध्य में स्थित है, इसलिये शहडोल संभाग को मुख्यालय बनाया गया है। शहडोल सम्भाग कोयला और गैस भंडार के लिए मशहूर है।
तीन राज्यों को मप्र से जोड़ता है शहडोल
जिले में बड़े उद्योग स्थापित होने से बेरोजगार युवाओ को रोजगार मिलेगा। एमपी का शहडोल जिला देश के प्रमुख कोयला उत्पादक क्षेत्रों में से एक है। सोहागपुर कोलफील्ड एशिया के सबसे बड़े कोयला भंडारों में से एक है। शहडोल में फायर क्ले, मीथेन गैस और अन्य महत्वपूर्ण खनिज पाए जाते हैं। शहडोल मध्यप्रदेश को छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश और बिहार से जोड़ता है।
4 हजार से अधिक उद्यमियों ने कराया पंजीयन
इस रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के लिए 4471 उद्यमियों ने उपस्थिति के लिए ऑनलाइन पंजीयन कराया। जिससे अभी तक 12204.2 करोड़ के निवेश का रास्ता साफ हो गया है। औद्योगिक प्रायोजन के लिए मोहन सरकार ने शहडोल में 6797.716 हेक्टेयर भूमि चिह्नित की है। आपको बता दें प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने साल 2025 को उद्योग वर्ष के रूप में घोषित किया है।
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